राहुल गांधी और कार्तिकेय चौहान का मामला हाई कोर्ट में, अब होगी सीधी भिड़ंत

भोपाल 
 मध्यप्रदेश की सियासत से जुड़ा एक पुराना मानहानि विवाद अब नए कानूनी मोड़ पर पहुंच गया है. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भोपाल की MP-MLA कोर्ट द्वारा जारी समन को हाईकोर्ट में चुनौती दी है. यह मामला कैबिनेट मंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय चौहान द्वारा दर्ज कराए गए मानहानि मुकदमे से जुड़ा है, जिसकी जड़ें 2018 के चुनावी भाषण तक जाती हैं. अब यह मामला निचली अदालत से निकलकर हाईकोर्ट की चौखट तक पहुंच चुका है, जहां दोनों पक्षों के बीच सीधा कानूनी टकराव तय माना जा रहा है। 

राहुल गांधी की याचिका में मुख्य आपत्ति यह है कि उनके खिलाफ दर्ज मामले में अदालत ने उनका पक्ष सुने बिना ही संज्ञान लिया और समन जारी कर दिया. इस आधार पर उन्होंने पूरी प्रक्रिया को चुनौती दी है. वहीं, कोर्ट ने इस याचिका पर सुनवाई के लिए अगले सप्ताह की तारीख तय की है. ऐसे में यह मामला सिर्फ व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि अब यह न्यायिक प्रक्रिया और राजनीतिक बयानबाजी के दायरे में भी अहम उदाहरण बन सकता है। 

राहुल गांधी के खिलाफ जारी हो सकता था वारंट
कार्तिकेय सिंह चौहान की तरफ से दायर किए गए मानहानि केस पर भोपाल MP-MLA कोर्ट ने बीते दिनों 03 फरवरी 2026 को समन जारी करते हुए ये निर्देष दिए थे कि राहुल गांधी 10 अप्रैल को कोर्ट में उपस्थित हों। बताया गया है कि इससे पहले भी कोर्ट राहुल गांधी को दो बार समन जारी कर चुका था और तीसरी बार समन जारी होने के बाद कोर्ट वारंट जारी कर सकता था क्योंकि आरोपी की मौजूदगी के बिना कोर्ट में सुनवाई आगे नहीं बढ़ रही थी।

क्या है पूरा मानहानि विवाद?
साल 2018 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान झाबुआ में चुनाव प्रचार करने आए राहुल गांधी ने शिवराज सिंह चौहान और उनके बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान का नाम पनामा पेपर्स मामले में जोड़ दिया था। इसके बाद राहुल गांधी ने शिवराज सिंह चौहान के संदर्भ में अपने बयान का खंडन किया था लेकिन कार्तिकेय सिंह चौहान को लेकर कोई स्पष्ट खंडन नहीं किया था। इसी बात को लेकर कार्तिकेय सिंह चौहान ने भोपाल के एमपी एमएलए कोर्ट में राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का केस दायर कर आरोप लगाया कि राहुल गांधी के बयान ने उनकी व्यक्तिगत और राजनीतिक छवि को नुकसान पहुंचाया है। इस केस की सुनवाई एमपी एमएलए कोर्ट के जस्टिस तथागत याज्ञनिक कर रहे हैं।

हाईकोर्ट में एक हफ्ते बाद सुनवाई
एमपी एमएलए कोर्ट से समन जारी होने के बाद राहुल गांधी की ओर से हाईकोर्ट में इसे चुनौती दी गई है। हाईकोर्ट में जस्टिस प्रमोद कुमार अग्रवाल की बेंच में इस पर प्रारंभिक सुनवाई हुई और इसे मामले को एक हफ्ते के लिए स्थगित कर दिया गया है और अब मामले पर अगले हफ्ते सुनवाई होगी।

क्या है पूरा मामला
यह विवाद साल 2018 का है, जब राहुल गांधी ने चुनावी सभा के दौरान पनामा पेपर्स लीक का जिक्र करते हुए कार्तिकेय चौहान का नाम लिया था. इसी बयान को आधार बनाकर कार्तिकेय चौहान ने भोपाल की MP-MLA कोर्ट में मानहानि का केस दर्ज कराया था. मानहानि मामलों में आमतौर पर अदालत पहले शिकायत पर संज्ञान लेती है और फिर आरोपी को समन जारी करती है. इसी प्रक्रिया के तहत राहुल गांधी को भी समन भेजा गया था। 

राहुल गांधी की आपत्ति क्या है
राहुल गांधी की ओर से हाईकोर्ट में दाखिल याचिका में कहा गया है कि निचली अदालत ने उनके पक्ष को सुने बिना ही मामला दर्ज कर लिया. उनका तर्क है कि यह प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है. उन्होंने यह भी कहा है कि राजनीतिक भाषणों को संदर्भ से काटकर आपराधिक मानहानि में बदलना लोकतांत्रिक विमर्श के लिए खतरा हो सकता है। 

अब हाईकोर्ट में क्या होगा
हाईकोर्ट ने याचिका स्वीकार करते हुए सुनवाई के लिए एक सप्ताह बाद की तारीख तय की है. इस दौरान अदालत यह तय करेगी कि MP-MLA कोर्ट द्वारा जारी समन वैध था या नहीं. अगर हाईकोर्ट समन पर रोक लगाता है, तो राहुल गांधी को राहत मिल सकती है. वहीं, यदि कोर्ट निचली अदालत की प्रक्रिया को सही मानता है, तो उन्हें ट्रायल फेस करना होगा। 

राजनीतिक और कानूनी महत्व
देशभर में राहुल गांधी के खिलाफ कई मानहानि मामले अलग-अलग राज्यों में चल रहे हैं, जिनमें 2018 के राजनीतिक बयान प्रमुख आधार रहे हैं. ऐसे मामलों में अदालतें यह भी देखती हैं कि बयान व्यक्तिगत था या सार्वजनिक राजनीतिक टिप्पणी. यही बिंदु इस केस में भी निर्णायक भूमिका निभा सकता है. यह मामला सिर्फ एक व्यक्तिगत विवाद नहीं है, बल्कि यह तय करेगा कि चुनावी मंच से दिए गए बयान किस हद तक कानूनी जांच के दायरे में आते हैं. हाईकोर्ट का फैसला भविष्य में राजनीतिक भाषणों और मानहानि कानून के बीच संतुलन तय करने में अहम उदाहरण बन सकता है। 

admin

Related Posts

CM डॉ. यादव बोले- वक्फ संपत्तियों को अतिक्रमण मुक्त कराने का अभियान ऐतिहासिक

वक्फ संपत्तियों से अतिक्रमण हटाने का कार्य ऐतिहासिक : मुख्यमंत्री डॉ.यादव मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड, देश का श्रेष्ठ वक्फ बोर्ड वक्फ सुधारों के क्षेत्र में मध्यप्रदेश अग्रणी मध्यप्रदेश राज्य वक्फ बोर्ड…

Digital Didi Poonam बनीं बच्चों की प्रेरणा, मजेदार तरीके से दे रहीं शिक्षा और संस्कार

डिजिटल दीदी पूनम खेल-खेल में संवार रही नौनिहालों का भविष्य भोपाल  डिजिटल प्लेटफॉर्म का सही इस्तेमाल अगर समाज को बदलने के लिए किया जाए, तो परिणाम कितने सुखद हो सकते…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

खेल

French Open 2026: जोकोविच बने सबसे बड़े रिकॉर्डधारी, रोजर फेडरर को छोड़ा पीछे

  • By admin
  • May 25, 2026
  • 1 views
French Open 2026: जोकोविच बने सबसे बड़े रिकॉर्डधारी, रोजर फेडरर को छोड़ा पीछे

मैच के बीच आया हार्ट अटैक, 39 साल की उम्र में क्रिकेटर ने दुनिया को कहा अलविदा, ऐसा रहा करियर

  • By admin
  • May 25, 2026
  • 2 views
मैच के बीच आया हार्ट अटैक, 39 साल की उम्र में क्रिकेटर ने दुनिया को कहा अलविदा, ऐसा रहा करियर

जीत के साथ दिल्ली का सफर खत्म, KKR को उसके ही गढ़ में हराकर चमके राहुल और कुलदीप

  • By admin
  • May 25, 2026
  • 3 views
जीत के साथ दिल्ली का सफर खत्म, KKR को उसके ही गढ़ में हराकर चमके राहुल और कुलदीप

राजस्थान रॉयल्स ने प्लेऑफ में बनाई जगह, पंजाब किंग्स और KKR का टूटा सपना

  • By admin
  • May 25, 2026
  • 2 views
राजस्थान रॉयल्स ने प्लेऑफ में बनाई जगह, पंजाब किंग्स और KKR का टूटा सपना

वानखेड़े में प्लेऑफ की जंग, मुंबई को हराकर इतिहास रचना चाहेगी राजस्थान

  • By admin
  • May 24, 2026
  • 2 views
वानखेड़े में प्लेऑफ की जंग, मुंबई को हराकर इतिहास रचना चाहेगी राजस्थान

ICC के नए नियमों से बदलेगा टेस्ट क्रिकेट का खेल, टीम इंडिया को भी करना होगा बड़ा बदलाव

  • By admin
  • May 24, 2026
  • 3 views
ICC के नए नियमों से बदलेगा टेस्ट क्रिकेट का खेल, टीम इंडिया को भी करना होगा बड़ा बदलाव