मध्य प्रदेश के 678 गांवों में हरियाली, मोहन सरकार वॉटर प्रोजेक्ट पर लगाएगी बड़े निवेश

छिंदवाड़ा
 छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्पलेक्स परियोजना में पुर्नवास के लिए 969 करोड़ रूपये के विशेष पुर्नवास पैकेज की स्वीकृति भोपाल में हुई मंत्रीमंडल की बैठक में मिल गई है.  हुई मंत्री परिषद की बैठक में छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्पलेक्स परियोजना में पुर्नवास के लिए स्वीकृत राशि 840 करोड़ 80 लाख रूपये को बढ़ाकर लगभग 969 करोड़ का विशेष पुर्नवास पैकेज स्वीकृत कर दिया गया है। 

678 ग्राम पंचायतों की लाखों एकड़ जमीन को मिलेगा पानी

छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्पलेक्स परियोजना के अंतर्गत छिंदवाड़ा जिले में संगम 1 बांध, संगम 2 बांध, रामघाट बांध एवं पांढुर्णा जिले में बेलेंसिग रिजर्वायर बनने हैं. पांढुर्णा में कुल 4 बांध बनना है, जिससे छिंदवाड़ा एवं पांढुर्णा जिलों के 1,90,500 हैक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी. परियोजना से छिंदवाड़ा जिले एवं पांढुर्णा जिले के 678 गांव को लाभ मिलेगा जिसमें से पांढुर्णा जिले की पांढुर्णा तहसील के 129 ग्राम, पांढुर्णा जिले की सौंसर तहसील के 124 ग्राम, छिंदवाड़ा जिले की मोहखेड़ तहसील के 132 ग्राम, बिछुआ तहसील के 76 ग्राम, छिंदवाड़ा तहसील के 7 ग्राम, जुन्नारदेव तहसील के 126 ग्राम, चांद तहसील के 34 और उमरेठ तहसील के 50 ग्राम. इस परियोजना से सिंचाई के अलावा पास के क्षेत्रों के पीने के पानी की समस्या, औद्योगिक उपयोग एवं बिजली उत्पादन के लिए पानी सुरक्षित रखने का प्रावधान है। 

इन गांवों के निवासियों को मिलेगा लाभ
सांसद बंटी विवेक साहू ने बताया कि "इस परियोजना के तहत तहसील जुन्नारदेव के भावईकलां, भावईखुर्द, बिरजपुरा, दमुआ, हिरदागढ़ छिनढाना, करहैया, करमोहिनी बंधी, खापासुरजु, मांडई, नंदौरा, महेंदावीर, रामनगरी एवं सेमरकुही, तहसील मोहखेड़ के कोहटमाल, पीपलगांव, बोरगांव, कोहटरैय्यत, तिकाड़ी, बीजागोरा, भवारी रैय्यत, संगम, दीप, रहप, धगडियामाल, मेहलारी बाकुल एवं पर्वत घोघरी, तहसील पांढुर्णा के भूली, खड़की, धावड़ीखापा, खेड़ीधानभोयर, मोराडोंगरी, भुयारी एवं नीलकंठ, तहसील सौंसर के हरनबेडी, बरगाबोडी, पलासपानी, गाजनडोह के निवासियों को लाभ मिल सकेगा। 

प्रभारी मंत्री द्वारा मनोनीत डूब क्षेत्र पुनर्वास प्रतिनिधि कमलेश ऊइके ने बताया कि "जमीन किसी भी शासकीय काम के लिए अधिग्रहण की जाती थी तो किसानों को काफी नुकसान होता था. मुख्यमंत्री के द्वारा चार गुना मुआवजा का जो निर्णय लिया गया है प्रभावित किसानों को इसका फायदा हो सकेगा. यह भाजपा सरकार की सोच है ताकि किसानों को सुविधाओं के साथ-साथ उनकी जमीन का उचित मुआवजा भी मिल सके। 

सांसद ने मुख्यमंत्री और जल संसाधन मंत्री से की थी मुलाकात
सांसद बंटी विवेक साहू ने मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव और जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट से मुलाकात के दौरान उन्हें बताया था कि उनके संसदीय क्षेत्र छिंदवाड़ा-पांढुर्णा के अंतर्गत बहुउद्देशीय परियोजना छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स परियोजना की स्वीकृति प्राप्त है. इस योजना में जल भराव क्षमता 651.33 मिलियन घन मीटर (मि.घ.मी.) है, जिससे छिंदवाड़ा, जुन्नारदेव, मोहखेड़, बिछुआ, चौरई, उमरेठ, सौंसर एवं पांढुर्णा विकासखण्डों की 1,90,500 हेक्टेयर सिंचाई प्रस्तावित है. इस काम में प्रभावित हो रहे ग्रामीणों द्वारा स्पेशल भुअर्जन एवं पुनर्वास एवं पुर्नव्यवस्थापन पैकेज की मांग की गई है। 

छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव एवं मोहखेड़ तहसील के प्रभावित ग्रामों की अधिकांश जनसंख्या जनजातीय समुदाय से है जिस कारण गैर जनजातीय खरीदी ब्रिकी निषेध है. अधिकांश प्रभावित किसानों पर एक हेक्टेयर से कम का रकबा है जिसके बाजार मूल्यों में पिछले कई सालों से कम बढ़ोत्तरी हुई है. पांढुर्णा जिले के सौंसर एवं पांढुर्णा तहसील के डूब क्षेत्र में मुख्यतः कपास नगदी फसल एवं संतरा उद्यानिकी फसल की खेती होती है जिस पर किसान निर्भर है. इस क्षेत्र के डूब से प्रभावित होने के कारण किसानों द्वारा अधिक मुआवजे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया गया। 

सांसद ने मुख्यमंत्री एवं जल संसाधन मंत्री को बताया था कि इस योजना में बाधाएं आ रही हैं, जिसे शासन स्तर पर हल किया जा सकता है. जिसके अंतर्गत परियोजना में पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन प्रस्तावित है जिसके लिए स्पेशल पैकेज की स्वीकृति शासन स्तर से लंबित है. परियोजना से वन भूमि प्रभावित हो रही है जिसके लिए छिंदवाड़ा एवं पांढुर्णा जिले के अलावा अन्य जिलों से भी गैर वन भूमि की आवश्यकता पड़ेगी. वन विभाग छिंदवाड़ा की भूमि के बदले दूसरे जिलों की भूमि को वनों के लिये आवंटित किया जाना प्रस्तावित है। 

अधिग्रहण का ग्रामीण कर रहे हैं विरोध
सरकार ने जब से बांध बनाने का प्रस्ताव लाया है उसके बाद से ही सभी गांव के ग्रामीण एकजुट होकर बांध बनाने का विरोध कर रहे हैं इसको लेकर कई बार जिला स्तर पर ग्रामीण और आदिवासियों ने बड़ा आंदोलन प्रदर्शन भी किया है. आदिवासी नेता झमक लाल सरेआम ने बताया कि "आदिवासी और ग्रामीणों की आमदनी का मुख्य जरिया उनकी जमीन है और आदिवासी किसानों के पास छोटे-छोटे जमीन के टुकड़े हैं जिससे उनके परिवार का पालन होता है. बांध बनाने के लिए जमीन अधिग्रहण कर आदिवासियों के जीने का सहारा छीन लिया जाएगा क्योंकि जितनी जमीन का उन्हें मुआवजा मिलेगा उतने में वह जमीन कहीं खरीद नहीं सकेंगे और पुश्तैनी जमीन से उन्हें हटा दिया जाएगा. इसका फायदा बड़े जमींदार और दूसरे गांव को मिलेगा इसलिए वे जमीन देने को तैयार नहीं हैं। 

admin

Related Posts

सांय 5:00 बजे अपेक्स बैंक में महेंद्र सिंह यादव ने पदभार ग्रहण किया, आयोजन में कई महत्वपूर्ण नेता शामिल

भोपाल अपेक्स बैंक के नवनियुक्त प्रशासक महेंद्र सिंह यादव ने आज सांय 5:00 बजे अपेक्स बैंक के सुभाष यादव समन्वय भवन में अपनी विशाल पदभार यात्रा के साथ प्रवेश किया…

विकास को रफ्तार: 2 मई को इंदौर-पीथमपुर कॉरिडोर के प्रथम चरण का भूमि-पूजन करेंगे मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल  मध्यप्रदेश में औद्योगिक प्रगति को नई गति देने और निवेश के लिए दीर्घकालिक आधार तैयार करने की दिशा में इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर का प्रथम चरण एक महत्वपूर्ण पहल के…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

खेल

243 रन के बावजूद मुंबई की हार, हैदराबाद ने 6 विकेट से जीता मुकाबला

  • By admin
  • April 30, 2026
  • 1 views
243 रन के बावजूद मुंबई की हार, हैदराबाद ने 6 विकेट से जीता मुकाबला

IPL 2026: 200 रन अब आसान! RCB की बैटिंग से कांपी लीग, अहमदाबाद में हाई-वोल्टेज मुकाबला

  • By admin
  • April 30, 2026
  • 1 views
IPL 2026: 200 रन अब आसान! RCB की बैटिंग से कांपी लीग, अहमदाबाद में हाई-वोल्टेज मुकाबला

मुंबई की धमाकेदार बल्लेबाज़ी, हैदराबाद को जीत के लिए 244 रन बनाने की चुनौती

  • By admin
  • April 29, 2026
  • 1 views
मुंबई की धमाकेदार बल्लेबाज़ी, हैदराबाद को जीत के लिए 244 रन बनाने की चुनौती

मुंबई इंडियंस का भावनात्मक इशारा: काली पट्टी में खेला मैच, सोशल मीडिया पर हुई तारीफ

  • By admin
  • April 29, 2026
  • 1 views
मुंबई इंडियंस का भावनात्मक इशारा: काली पट्टी में खेला मैच, सोशल मीडिया पर हुई तारीफ

श्रीलंका क्रिकेट संकट: वित्तीय गड़बड़ियों और सरकारी दखल से बढ़ी अनिश्चितता

  • By admin
  • April 29, 2026
  • 1 views
श्रीलंका क्रिकेट संकट: वित्तीय गड़बड़ियों और सरकारी दखल से बढ़ी अनिश्चितता

मुंबई इंडियंस ने जीता टॉस, वानखेड़े में हैदराबाद पहले करेगी गेंदबाजी

  • By admin
  • April 29, 2026
  • 1 views
मुंबई इंडियंस ने जीता टॉस, वानखेड़े में हैदराबाद पहले करेगी गेंदबाजी